किसानों की समस्याओं का होगा त्वरित समाधान – सरकार खोलेगी अलग पोर्टल
कृषि क्षेत्र को सुदृढ़ बनाने और किसानों की परेशानियों को प्राथमिकता से हल करने के लिए केंद्र सरकार अब एक नया कदम उठाने जा रही है। केंद्रीय कृषि मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने घोषणा की है कि किसानों की शिकायतों और समस्याओं के समाधान के लिए जल्द ही एक अलग पोर्टल शुरू किया जाएगा। इस पोर्टल पर किसान अपनी समस्याएँ दर्ज कर सकेंगे और उनका समयबद्ध समाधान सुनिश्चित होगा।
कृषि मंत्री ने बताया कि अक्सर प्राकृतिक आपदाओं, विशेषकर बाढ़ जैसी परिस्थितियों से प्रभावित किसानों को समय पर सहायता नहीं मिल पाती। इस पोर्टल के माध्यम से सरकार ऐसे किसानों को तुरंत राहत देने का कार्य करेगी। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि किसानों को शिकायत दर्ज करने के लिए इधर-उधर भटकना न पड़े।
कृषि वैज्ञानिक गाँव-गाँव पहुँचेंगे
रबी की फसलों के मौसम में भी अब कृषि वैज्ञानिकों की सीधी भागीदारी होगी। 3 अक्टूबर से “विकसित कृषि संकल्प अभियान” का दूसरा चरण शुरू होने जा रहा है। इस अभियान में लगभग 16 हजार कृषि वैज्ञानिक गाँवों में जाकर किसानों से मिलेंगे और उन्हें खेती-बाड़ी से जुड़ी तकनीक, बीज चयन, सिंचाई पद्धति, खाद और रोग नियंत्रण जैसे विषयों पर जानकारी देंगे।
यह अभियान 15 दिनों तक चलेगा और इसका समापन विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर किया जाएगा। इसका उद्देश्य है किसानों को रबी सीजन की फसलों की बुआई से लेकर कटाई तक की सभी वैज्ञानिक जानकारी उपलब्ध कराना, जिससे उनकी पैदावार और आय दोनों बढ़ सकें।
किसानों के लिए सरकार की प्राथमिकताएँ
प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसानों को त्वरित मदद।
शिकायतों और समस्याओं का ऑनलाइन समाधान।
गाँव-गाँव जाकर किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन।
कृषि उत्पादन बढ़ाने और लागत कम करने पर फोकस।
इस प्रकार, सरकार की नई पहल न केवल किसानों को राहत प्रदान करेगी, बल्कि आधुनिक तकनीक के सहयोग से उन्हें सशक्त और आत्मनिर्भर भी बनाएगी।
